Farmer ID जरूरी: किसान आज ही बनवाएं फार्मर आईडी, नहीं तो छूट सकते हैं बड़े सरकारी फायदे | 20 दिसंबर 2025 अपडेट

Published on. December 30, 2025

अगर आप किसान हैं और अब तक Farmer ID नहीं बनवाई है, तो शायद आप हर महीने हजारों रुपये का नुकसान उठा रहे हैं। जी हाँ, बात सुनने में अजीब लग सकती है, लेकिन सच यही है। आजकल सरकारी योजनाओं का पैसा सीधे किसानों के खाते में तभी आता है जब उनके पास ये एक छोटा सा डॉक्यूमेंट हो।

सरकारी योजनाओं की नई अपडेट WhatsApp और Telegram से जुड़ें

मैंने खुद अपने गांव में देखा है कि कई किसानों को PM-Kisan की किस्त इसीलिए नहीं मिल पाई क्योंकि उनकी फार्मर आईडी incomplete थी। तो सवाल ये है कि आखिर ये फार्मर आईडी क्या है और इसके बिना क्या-क्या छूट सकता है? आइए आज इसी की पूरी जानकारी समझते हैं।

फार्मर आईडी क्या है और क्यों बन गई जरूरी

फार्मर आईडी यानी किसान पहचान पत्र एक तरह का यूनिक नंबर है जो हर किसान को दिया जाता है। इसमें किसान की जमीन, फसल, बैंक खाता और आधार जैसी सभी जरूरी जानकारी जुड़ी होती है। पहले सरकारी योजनाओं में किसानों की पहचान करने में काफी दिक्कत होती थी, लेकिन अब फार्मर आईडी से सारा सिस्टम डिजिटल और पारदर्शी हो गया है।

मेरे आसपास कई लोग यहाँ गलती कर देते हैं – वो सोचते हैं कि सिर्फ आधार कार्ड से काम चल जाएगा। लेकिन नहीं, अब ज्यादातर राज्यों में बिना फार्मर आईडी के योजना का लाभ मिलना मुश्किल हो गया है। खासतौर से उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान और हरियाणा जैसे राज्यों में ये अनिवार्य कर दी गई है।

बिना फार्मर आईडी के कौन-कौन से फायदे छूट सकते हैं

सबसे पहली बात तो ये कि PM-Kisan योजना की 2000 रुपये की किस्त आपके खाते में नहीं आएगी अगर आपकी फार्मर आईडी रजिस्टर्ड नहीं है। इसके अलावा फसल बीमा, सोलर पंप सब्सिडी, खाद-बीज सब्सिडी, और किसान क्रेडिट कार्ड जैसी तमाम सुविधाओं के लिए भी अब फार्मर आईडी जरूरी हो गई है।

कल्पना कीजिए, आपकी फसल खराब हो गई और आप बीमा क्लेम करना चाहते हैं, लेकिन फार्मर आईडी न होने की वजह से आपका क्लेम ही रिजेक्ट हो जाता है। ऐसा कई किसानों के साथ हो रहा है। सरकार अब धीरे-धीरे सभी योजनाओं को फार्मर आईडी से लिंक कर रही है ताकि सही किसान तक पैसा पहुंचे और बिचौलिए बाहर रहें।

फार्मर आईडी बनवाने के लिए क्या-क्या चाहिए

अब बात करते हैं कि इसे बनवाने के लिए किन कागजों की जरूरत पड़ती है। सबसे पहले तो आपके पास आधार कार्ड होना जरूरी है। उसके बाद जमीन के कागजात जैसे खसरा-खतौनी की कॉपी, बैंक पासबुक जिसमें आधार लिंक हो, और एक पासपोर्ट साइज फोटो चाहिए होती है। कुछ राज्यों में मोबाइल नंबर भी रजिस्टर करना पड़ता है।

क्या सभी किसानों को फार्मर आईडी बनवानी पड़ती है? जी हां, चाहे आप छोटे किसान हों या बड़े, सभी को ये बनवानी होगी। यहाँ तक कि अगर आपके पास सिर्फ थोड़ी सी जमीन भी है, तो भी आप इसे बनवा सकते हैं और सरकारी सहायता ले सकते हैं।

फार्मर आईडी कैसे और कहाँ बनती है

फार्मर आईडी बनवाने के लिए आपको अपने नजदीकी जन सेवा केंद्र, CSC सेंटर, या फिर कृषि विभाग के ऑफिस जाना होगा। वहाँ आप अपने सभी जरूरी दस्तावेज जमा करें और फॉर्म भरें। कुछ राज्यों में ऑनलाइन भी रजिस्ट्रेशन की सुविधा है, जहाँ आप घर बैठे अपना फार्मर आईडी अप्लाई कर सकते हैं।

मैंने खुद ये चीज़ notice की है कि जो किसान थोड़ा जल्दी काम करते हैं, उन्हें किसी भी योजना का लाभ लेने में आसानी होती है। रजिस्ट्रेशन के बाद करीब 7 से 15 दिन में आपका फार्मर आईडी कार्ड तैयार हो जाता है। इसे आप SMS या फिर पोर्टल पर चेक कर सकते हैं। इसे बनवाने में कोई फीस नहीं लगती, बिल्कुल फ्री है।

क्या पुरानी जमीन या रजिस्ट्री में भी फार्मर आईडी बन सकती है

हाँ, बिल्कुल बन सकती है। कई लोग सोचते हैं कि उनके पिता या दादा के नाम पर जमीन है तो शायद उनकी फार्मर आईडी नहीं बन पाएगी। लेकिन ऐसा नहीं है। आप वारिस के तौर पर अपना रजिस्ट्रेशन करवा सकते हैं। बस आपको जमीन के कागजात और family tree की कॉपी साथ लेकर जानी होगी।

अगर आपकी जमीन किसी विवाद में है या फिर अभी तक रजिस्ट्री नहीं हुई है, तो भी आप अस्थायी तौर पर रजिस्ट्रेशन करवा सकते हैं। बाद में जब जमीन क्लियर हो जाए, तब डिटेल्स अपडेट कराई जा सकती है।

अंतिम सलाह और सावधानियाँ

मेरी राय में हर किसान को बिना देर किए आज ही फार्मर आईडी बनवा लेनी चाहिए। क्योंकि सरकार धीरे-धीरे सभी योजनाओं को इससे जोड़ रही है और भविष्य में इसके बिना किसी भी तरह की सरकारी मदद मिलना मुश्किल होगा। अगर आपको किसी भी तरह की परेशानी आ रही है, तो अपने ब्लॉक या तहसील के कृषि विभाग में संपर्क करें। वहाँ के अधिकारी आपकी पूरी मदद करेंगे।

एक और जरूरी बात – बिचौलियों से बचें। कई लोग ज्यादा पैसे लेकर ये काम करवाते हैं जबकि ये बिल्कुल फ्री सर्विस है। आप खुद जाकर या अपने किसी जानने वाले की मदद से ये आसानी से करवा सकते हैं।

सवाल-जवाब

Q1 फार्मर आईडी बनवाने में कितना समय लगता है?
आवेदन करने के बाद आमतौर पर 7 से 15 दिन में आपकी फार्मर आईडी तैयार हो जाती है। कुछ राज्यों में ये प्रक्रिया और भी तेज है।

Q2 क्या फार्मर आईडी के बिना PM-Kisan की किस्त रुक सकती है?
हाँ, कई राज्यों में अब फार्मर आईडी अनिवार्य कर दी गई है और इसके बिना किस्त रुक सकती है या आने में देरी हो सकती है।

Q3 फार्मर आईडी बनवाने में कोई फीस लगती है क्या?
नहीं, फार्मर आईडी बनवाना पूरी तरह मुफ्त है। अगर कोई पैसे मांगे तो समझ जाइए कि वो गलत तरीके से काम कर रहा है।

समापन

फार्मर आईडी सिर्फ एक कागज नहीं, बल्कि किसानों के हक और सम्मान का प्रतीक बन गई है। इससे न केवल सरकारी योजनाओं का लाभ मिलना आसान हो गया है, बल्कि किसानों की पहचान भी मजबूत हुई है। अगर आपने अभी तक ये नहीं बनवाई है, तो जल्द से जल्द इसे बनवा लें और अपने सभी किसान साथियों को भी इसकी जानकारी दें। याद रखें, समय पर लिया गया सही फैसला आपको भविष्य में बड़े नुकसान से बचा सकता है।

🔴 जरूरी जानकारी
यह जानकारी सरकारी वेबसाइटों और भरोसेमंद सार्वजनिक स्रोतों को देखकर आसान भाषा में समझाने के लिए लिखी गई है। यह वेबसाइट किसी भी सरकारी विभाग या सरकारी दफ्तर की आधिकारिक वेबसाइट नहीं है। किसी भी योजना, पैसा, लाभ या नियम से जुड़ा कोई भी फैसला लेने से पहले कृपया संबंधित सरकारी वेबसाइट पर जानकारी खुद से एक बार जरूर जांच लें।

Kamlesh Kumar

मेरा नाम कमलेश कुमार है और मेरा उम्र 22 वर्ष है।मैं ब्लॉगिंग करता हूँ और किसान से जुड़ी सरकारी अपडेट, सरकारी योजनाएँ और पोस्ट ऑफिस स्कीम की जानकारी आसान भाषा में लिखता हूँ। यहाँ दी गई जानकारी मैं सरकारी वेबसाइटों और भरोसेमंद सार्वजनिक स्रोतों को देखकर तैयार करता हूँ। ई-मेल: help@suchnamanch24x7.in

2 thoughts on “Farmer ID जरूरी: किसान आज ही बनवाएं फार्मर आईडी, नहीं तो छूट सकते हैं बड़े सरकारी फायदे | 20 दिसंबर 2025 अपडेट”

Leave a Comment